• Tuesday, August 2, 2022

    Motivation Story in Hindi - राजा और वजीर की कहानी | Kahani

    Motivation Story in Hindi - राजा और वजीर की कहान

    Motivation Story in Hindi - राजा और वजीर की कहानी

    स्वागत है हमारे Blog, Hindi Best Stories मै, दोस्तों हर कोई चाहता है वह जीवन में आगे बढ़े, तरक्की करें, पर उनमें से कुछ ही सफल हो पाते हैं। मैं उनसे यह कहना चाहता हूं जो सफल ना हो सके, अपना काम ईमानदारी से करें और तब तक करें जब तक आप सफल ना हो। आज मैं आपको एक Motivation Story in Hindi सुनाने जा रहा हु। इस story से हमें जो सीखने को मिलता है वो जिंदगीभर तक हमारे काम आएगा और ये Real story है।


    तो दोस्तों शुरू करते हैं Motivation Story in Hindi मै

    ये story हैं, एक King और उसके वजीर (मंत्री) की, वजीर राजा के दरबार में सबसे पुराना और सबसे trusted आदमी था। राजा एक बार के लिए अपने बेटे पर शक कर सकता था। लेकिन वज़ीर की कही बात को वो आंख बंद करके विश्वास करता था, और ये relationship करीब 30 साल पुरानी थी।


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    30 साल से वजीर ने राजा को कभी disappoint नहीं करा, हर एक Decision जो राजा के लिए वजीर ने लिया, हमेशा सही साबित हुआ beneficial रहा। लेकिन इतनी लंबी service के दौरान वजीर को बहुत सी तकलीफ उठानी पड़ती थी।

    जैसे की राजा के लिए वो अपनी Family को वक्त नहीं दे पाता था। बहुत लोगों से उसको दुश्मनी मोल लेनी होती थी, सिर्फ इसलिए ताकि राजा को खुश किया जा सके, यहाँ तक कि दरबार के दूसरे मंत्री और लोग भी इस रिश्ते से जलते थे। यार इनके इतने अच्छे संबंध क्यों है? उन्हें feel होता था कि राजा हम पर इतना trust नहीं करता है, इतना trust दिखाता नहीं हैं राजा हम पे, तो इस वजीर पे क्यों दिखाता है? (
    पूरा पढ़ें Motivation Story in Hindi)

    इसलिए दूसरे दरबारी हमेशा वजीर को राजा के सामने हमेशा नीचा दिखाने की कोशीश करते हैं। बदनाम करने की कोशीश करने में लगे रहते थे, जो कि वो कभी successful नहीं हो पाए। पर कहते है ना time बहुत ही परिवर्तनशील चीज़ है, अगर आप लगे रहो किसी चीज़ के पीछे एक लंबे time तक तो वो मिल जाता है। तो लोगों ने रिश्ते को खराब करने की बहुत कोशीश की और आखिरकार हुआ क्या?

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    Motivation story

    वजीर राजा के Campion और Missions में इतना busy हो गया कि उसे time ही नहीं मिला, ये पता करने में की एक बड़ी भारी साजिश चल रही है। उसे गद्दार साबित करने की, आखिर में सबने मिलके राजा को झूठे प्रमाण देकर, झूठे proof दिखा कर ये prove कर दिया कि वजीर धोखेबाज आदमी है, और जल्द ही राजा की राज़ गद्दी पर दुश्मनों के साथ मिलकर attack करने वाला है।

    बाकी दरबारी भी कम नहीं थे, जो ये सब साजिश रच रहे थे, यह भी कम नहीं थे, इनकी बदनामी कभी हुई नहीं थी राजा के सामने। इसलिए राजा ने भी उनकी बात और proof मान लिए, बिना वजीर को अपनी सफाई देने के chance दिए, वज़ीर को बोलने का मौका नहीं दिया गया।

    मतलब 30 साल पुराना रिश्ता जो था किसी और के कहने से इतना बड़ा रिश्ता भी फीका पड़ गया। राजा ने उसे सजा ए मौत सुना दी और उस time ये परंपरागत थी कि जिस भी इंसान को ये सजा सुनाई जाती है। मौत की सजा सुनाई जाती है उस time होता ये था कि उसके हाथ पैर बांधकर के भयानक पालतू शिकारी
    कुत्ता के बाड़े में फेंक दिया जाता था।

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    Hindi Kahaniएक बाड़ा होता था, वहाँ पे बहुत सारे कुत्ते थे, भयानक शिकारी थे वो, और उसमें फेंक देते थे अगर उसको सजा ए मौत सुनाई जाती थी। जो कि उस इंसान की चमड़ी उधेड़ देते थे, बहुत ही भयानक सजा थी ये और ना केवल चमड़ी बल्कि हड्डियों तक नहीं छोड़ते थे। पर वजीर ने इस सजा को सुनते ही राजा से सिर्फ एक request की।
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    मेरी सजा सिर्फ 10 दिन के लिए postpone कर दो ताकि मैं जिन लोगों के पैसे मांगता हूँ, वो उनसे लेकर मैं अपने कर्ज से उतार सकूँ। अपनी जो भी जमीन जायदाद है वो अपने बच्चों को equally बाट दु ताकि मेरे मरने के बाद में वो लड़े ना आराम से रह सके। तो राजा ने request को आखिरी इच्छा मानकर accept कर लिया ठीक है, दस दिन postpone कर लेते हैं।

    Also, read : Munshi Premchand ki Kahani in Hindi - कफ़न Story in HindiInspiration storyतो जैसे ही उसको chance मिल गया, उसके बाद में वजीर घर गया तुरंत भाग कर के और 100 Gold coins घर से लेकर उस शिकारी के पास पहुंचा जो उन शिकारी कुत्तों को संभालने का काम करता था। देखभाल करता था, वहीं कुत्ते जो दस दिन बाद में इसी वजीर को खाने वाले हैं।

    उस इंसान यानि शिकारी के पास जाने के बाद में वजीर ने 100 Gold coins शिकारी को देकर, बस उसे ये कहा की ये दस दिनों के लिए जो कुत्ते हैं इनकी देखभाल करने के लिए मुझे छोड़ दो। मुझे देखभाल करने दो इनकी, मुझे उनके साथ में time spend करने दो, इसकी permission मुझे दे दो मैं आपको बदले में 100 coins दे रहा हूँ Gold के। शिकारी को तो Gold coins मिल रही है वो मान भी गया उसने सौदा accept करली और, फिर क्या हुआ?


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    Motivation kahani

    अगला 10 दिनों तक वजीर उन्हीं कुत्तों के साथ में रहा, उन्हें खिलाता गया, उन्हें शिकार पर ले जाता, उन्हें नहलाता धुलाता, उनके साथ में खेलता और तो और दसवें दिन तक वो कुत्ते वजीर के हाथों से खा रहे थे खाना। और कुत्ते ऐसे होते हैं जो कभी भूलते नहीं है, अगर आप उनके लिए कुछ भी कर लेते है, वो भूलते नहीं उनको याद रहता है। उसके बाद में 11 दिन पर वजीर को राजा के सामने लाया गया।

    उसकी सजा जो राजा के सामने होनी थी हाथ पैर उसके बांधे गए वजीर के, उन्हीं शिकारी कुत्तों को सामने डाल दिया गया ताकि वो शिकारी कुत्ते वज़ीर को खाले। शिकारी कुत्ते उस पर झपटने लगे, लेकिन उसे खाने के लिए नहीं। बल्कि उसके साथ में खेलने के लिए, सब के सब कुत्ते प्यार से वजीर के ऊपर गिर रहे हैं, पूछ हिला कर के सारे कुत्ते वजीर को प्यार दिखा रहे हैं।


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    Best motivation stories

    राजा और बाकी के दरबार ये देखकर हैरान हो गए कि इतने खूंखार कुत्ते aggressive शिकारी कुत्ते, इस वजीर को प्यार क्यों कर रहे हैं? खा क्यों नहीं रहे, इसकी चमड़ी क्यों नहीं उधेड़ रहे। राजा ने ये सब बातें वजीर से पूछी गयी की ये क्या हो रहा है? खेल अलग कैसे हो गया?

    वजीर बोला कि महाराज मैंने इन कुत्तों के सिर्फ दस दिन देख भाल करी है, सिर्फ दस दिन की देखभाल की वजह से ये मुझे मारने से मुकर गए, बल्कि मुझे प्यार दे रहे हैं। और आपकी सेवा मैंने 30 साल की है लेकिन आपने मेरी कुछ दुश्मनों की बातों और इल्जामों के बहकावे में आकर के मुझे सजा ए मौत सुना दी।

    राजा शर्म से पानी पानी हो गया उसे अपनी गलती का अहसास हुआ, उसकी सजा को माफ़ किया और उसने वजीर को उसकी position फिर से दे दी कि फिर से तुम काम करो तुम तो विश्वास के लायक हों। और उन सारे दरबारियों को जिन्होंने साजिश रची थी, उनको वजीर के हवाले कर दिया जिन्होंने राजा के कान भरे थे।


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    Motivational Story in Hindi

    वजीर चाहता तो उन्हें मौत के घाट उतार सकता था, but वजीर ने अपने दुश्मनों को दरबारियों को माफ़ कर दिया। वजीर के माफ़ करने की वजह से राजा की नजरों में ये और ऊपर उठ गया। वजीर अगर ऐसा कुछ करता कि अपनी innocent से राजा को समझाने की कोशीश करता मैंने ऐसा नहीं करा है तो शायद उसकी मौत हो जाती।

    तो शायद कुत्तों ने वजीर की चमड़ी उधेड़ दी होती, लेकिन वजीर ने सोचा कि मैं अपने आप को सही साबित Words से करने से अच्छा Action से साबित करूँ। Action से दिखाऊ की राजा ने कितनी बड़ी गलती करी है। उसके वफादार वजीर पर शक करके।

    तो Lessons is Argument करने से अच्छा बोलकर बताने से अच्छा है कि Action से आप prove करो चीज़ो को।


    तो दोस्तों कैसे लगी आपको आज की कहानी Motivation Story in Hindi. उम्मीद करता हूं आपको इस कहानी से कुछ अच्छी सीख मिली होगी। मै आशा करता हूं आपका जो भी सपना है वो पूरा हो। इसी तरह की Interesting और New कहानी  सुनने के लिए हमारी website पर visit करें, और भी नहीं कहानी पढ़ने के लिए हमारी blog को Save or Bookmark करें।

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