• Sunday, August 28, 2022

    Ganesh Chaturthi Essay in Hindi - गणेश चतुर्थी पर निबंध हिंदी में

    Ganesh Chaturthi Essay in Hindi - गणेश चतुर्थी पर निबंध हिंदी में

    Ganesh Chaturthi Essay in Hindi

    नमस्कार दोस्तों स्वागत है हमारे Blog, Hindi Best Stories में, दोस्तों भारत में गणेश चतुर्थी बड़े ही धूमधाम से मनाई जाती है। सभी भक्त आनंद और उत्साह से यह त्यौहार मनाते हैं। आज मैं आपको गणेश चतुर्थी पर एक निबंध हिंदी में बताऊंगा। अक्षर School में और Classes में Teacher हमें त्योहारों के ऊपर निबंध लिखने को घर काम देती है। तो आज मैं आपको  Ganesh Chaturthi Essay in Hindi बताऊंगा।


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    चलिए शुरू करते हैं Ganesh Chaturthi Essay in Hindi

    गणेश चतुर्थी भारत देश मै हिंदुओं का लोकप्रिय और प्रसिद्ध त्यौहार है, यह त्यौहार हिंदू कैलेंडर के अनुसार भाद्रपद महा की चतुर्थी के दिन से शुरू होता है। इस उत्सव को माता पार्वती और पिता शिव के प्यारे पुत्र गणेश के जन्म दिवस के रूप में मनाया जाता है। गणेश चतुर्थी को विनायक चतुर्थी भी कहा जाता है


    गणेश चतुर्थी की तैयारियां कुछ दिन पहले से ही शुरू हो जाती है। लोग अपने घरों और मंदिरों की साफ सफाई करते हैं और सजाते हैं। गणेश चतुर्थी से लेकर अगले 10 दिन तक भगवान गणेश की पूजा की जाती है। यह त्यौहार करीब 11 दिन तक चलने वाला लंबा त्यौहार है। 

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    गणेश चतुर्थी पर निबंध हिंदी में

    यह त्यौहार देश के विभिन्न राज्यों में धूमधाम से मनाया जाता है, लेकिन महाराष्ट्र में मनाया जाने वाला यह सबसे बड़ा त्यौहार है। गणेश चतुर्थी के दिन लोग अपने घरों में गणेश जी की मूर्ति को धूमधाम से लेकर आते हैं। ऐसा माना जाता है कि भगवान गणेश जी जब घर आते हैं तो वे अपने साथ सुख, समृद्धि को लेकर आते हैं।

    लोग सुख समृद्धि पाने के लिए गणेश जी की पूजा करते हैं, सुबह श्याम गणेश जी की आरती करते हैं। गणेश जी को दुर्वा, मोदक, लड्डू आदि बहुत सारी चीजें चढ़ाते हैं, मोदक गणेश जी का सबसे अधिक पसंदीदा है। अलग-अलग तरह के पकवान बनाते हैं और मंदिर में भंडारे का आयोजन किया जाता है।

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    गणेश चतुर्थी पर जगह-जगह पर लोग गणेश पूजा के लिए पंडाल तैयार करते हैं, गणेश जी की प्रतिमा को पंडाल में स्थापित करते हैं। पूरे पंडाल को आकर्षित फूलो और रंगीन प्रकार से सजाया जाता है, इन पंडालों की सजावट दिल को भाती है। 1893 में Lokmanya Bal Gangadhar Tilak ने गणेश चतुर्थी को उत्सव के रूप में शुरू किया। इसका उद्देश्य समाज को संगठित करके British शासन से भारतीयों की रक्षा करना था। भगवान गणेश जी को देवो के देव, ज्ञान के देवता, धर्म समृद्धि के देवता कहा जाता है। (Read full - गणेश चतुर्थी पर निबंध हिंदी में)

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    गणेश चतुर्थी कब है 2022

    अनंत चतुर्दशी के दिन गणेश विसर्जन की तैयारी की जाती है, रंग बिरंगे फूलों से सजे रथ में गणेश जी की मूर्ति को बिठाया जाता है। पूरे शहर या गांव में धूमधाम से शोभायात्रा निकाली जाती है, लोक गणपति बप्पा मोरिया मंगल मूर्ति मोरिया के नारे देते हैं। आखिर तलाब नदी या समुद्र में गणेश मूर्ति को विसर्जित किया जाता है, यह उत्सव भक्ति गण पूरी श्रद्धा से मनाते हैं और भविष्य में मनाएंगे। गणेश चतुर्थी का यह त्यौहार समाज में एकता और भाईचारा स्थापित करता है। 

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    हर दिल में गणेश जी बसते हैं, 

    हर इंसान में उनका वास है, 

    तभी तो गणेश चतुर्थी त्योहार सबके लिए खास है


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    तो दोस्तों यह थी Ganesh Chaturthi Essay in Hindi में, उम्मीद करता हो आपको गणेश चतुर्थी के बारे में यह जानकारी अच्छी लगी होगी। इस साल 31 अगस्त 2022 को आप भी गणेश चतुर्थी बड़ी ही धूमधाम से मनाइए। आपको यह गणेश चतुर्थी पर निबंध हिंदी में कैसी लगी अपनी राय comment में बताइए, तो मिलते हैं अगली post में नई जानकारी लेकर।


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